नाक में छोटे-छोटे रक्तवाहिनियाँ होती हैं जो श्वास में विभिन्न ऊतकों में रक्त को पहुँचाती हैं।
नाक की ऊचाई में सुगंध ग्रंथियाँ होती हैं जो सुगंध को भाग्यशाली रूप से हमारे मस्तिष्क तक पहुँचाती हैं।
नाक में बलबले होते हैं जो वायु में मौजूद धूल और कीटाणुओं को शुद्ध करने में मदद करते हैं।
नाक के अंदर आवृत्तियाँ होती हैं जो आवृत्ति रूप से नाक से होकर गुजरने वाले वायु को गर्म, शीत और शुद्ध करने में मदद करती हैं।
नाक में छोटे बाल होते हैं जो वायु में मौजूद धूल को रोकने में मदद करते हैं।
कुछ भाषाएँ हैं जिनमें नाक से बोलना सामान्य है, जैसे कि फ्रेंच और मराठी।
नाक की सूजन और बहने की स्थिति, जिसे राइनाइटिस कहा जाता है, किसी को भी हो सकती है।
नाक शक्तिशाली प्राणवायु क्रियाओं में एक महत्वपूर्ण साधन है, जैसे कि अनुलोम